व्यापार सुगमता, बाजार पहुंच और रणनीतिक सहयोग के नए युग की शुरुआत
भारत और यूनाइटेड किंगडम के बीच 25 जुलाई 2025 को ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर हस्ताक्षर हुए। इस समझौते को उद्योग जगत के दिग्गजों ने नवाचार, निवेश और द्विपक्षीय व्यापार संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाला कदम बताया है।
भारती एंटरप्राइज़ेज के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल, जो इंडिया-यूके सीईओ फोरम के सह-अध्यक्ष भी हैं, ने कहा, “यह समझौता भारत और यूके दोनों के लिए जबरदस्त अवसर लेकर आया है। यह बाजार पहुंच को आसान बनाएगा, नवाचार को प्रोत्साहित करेगा और निवेश को मजबूती देगा।”
एस्सार ग्रुप के सीईओ प्रशांत रूइया ने कहा, “यह समझौता दोनों देशों के लिए रणनीतिक सहयोग का नया अध्याय शुरू करता है। टैरिफ में कटौती, सेवाओं में सुगमता और निवेश के नए अवसर इसके बड़े फायदे हैं।”
CII के महानिदेशक चंद्रजीत बनर्जी ने इसे आर्थिक लचीलापन, समावेशी विकास और औद्योगिक बदलाव की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
महिंद्रा ग्रुप के CEO और MD अनिश शाह ने कहा, “यह FTA वैश्विक साझेदारी का एक आधुनिक और मूल्यों-आधारित खाका है, जिसमें नवाचार, स्थिरता और समावेशिता को केंद्र में रखा गया है। यह भारत की एक भरोसेमंद वैश्विक साझेदार के रूप में पहचान को भी मजबूत करता है।”
यह समझौता न केवल व्यापारिक संबंधों को गति देगा, बल्कि रोज़गार, प्रौद्योगिकी सहयोग और हरित विकास जैसे क्षेत्रों में भी गहरा प्रभाव डालेगा।
