वैश्विक तेल कीमतों में लगभग 6% की तेज़ बढ़ोतरी दर्ज की गई, जब अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया कि ईरान के साथ संघर्ष लंबा चल सकता है। इस बयान ने मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और अस्थिरता की आशंकाओं को और गहरा कर दिया है।
ब्रेंट क्रूड और वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) जैसे प्रमुख बेंचमार्क तेल की कीमतें तेजी से बढ़ीं, क्योंकि निवेशकों को आपूर्ति बाधित होने का खतरा महसूस हुआ। खास तौर पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ जैसे अहम समुद्री मार्ग पर खतरे की आशंका ने बाजार की चिंता बढ़ा दी है, जो वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह तनाव लंबे समय तक जारी रहता है, तो वैश्विक तेल बाजार में अस्थिरता बनी रह सकती है। इसके साथ ही महंगाई बढ़ने और आर्थिक दबाव बढ़ने की संभावना भी जताई जा रही है, जिससे दुनियाभर की अर्थव्यवस्थाओं पर असर पड़ सकता है।