तमिलनाडु के सेलम में स्थित साबु ट्रेड प्राइवेट लिमिटेड के चेयरमैन और 1984 से साबूदाना उद्योग से जुड़े उद्योगपति गोपाल साबु ने त्योहारों के मौसम को देखते हुए साबूदाना उद्योग की वर्तमान स्थिति और संभावनाओं पर अपनी राय रखी। उनके प्रतिष्ठित ब्रांडों में सच्चामोती एगमार्क, सच्चासाबु एगमार्क, चक्र, अल्पाहार और कुकरीजाॅकी जैसे कई ग्लूटेन-मुक्त फरियाली उत्पाद शामिल हैं।

गोपाल साबु के अनुसार, “साबूदाना इस वर्ष पिछले कई वर्षों की तुलना में सबसे कम भाव पर बिक रहा है और उत्पादक मंडी में कीमतें लगभग आधी हो गई हैं।” उन्होंने बताया कि इस साल कसावा कंद की अच्छी फसल और बढ़ती मांग के बावजूद, अधिक उत्पादन के चलते भावों में गिरावट आई है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि वर्तमान में सेलम में तैयार साबूदाना का स्टॉक लगभग 60,000 टन है।

उन्होंने कहा, “उत्पादन लागत को देखते हुए वर्तमान अत्यधिक कम भावों से और अधिक मंदी की संभावना नहीं है।” साबु के अनुसार, हल्के और गुणवत्ता वाले साबूदाना में मंडियों में 6-7 रुपये प्रति किलो का अंतर है, लेकिन उपभोक्ताओं को इन दोनों में फर्क कर पाना कठिन होता है, जिसके कारण दोनों तरह के माल लगभग एक जैसे भाव में बिकते हैं।

गोपाल साबु ने उपभोक्ताओं और व्यापारियों से अपील करते हुए कहा, “प्रामाणिक क्वालिटी साबूदाना खरीदें ताकि ऊंचे भाव देकर हल्के माल खरीदने से बचा जा सके।” उन्होंने नवरात्रि को देखते हुए सलाह दी, “इतने कम भाव में साबूदाना जैसी फरियाली वस्तु जो इससे अधिक सस्ती होने की संभावना नहीं है, अतः नवरात्रि में आपकी संभावित बिक्री सामान्य से डेढ़ी-दुगुनी भी हो सकती है, अतः अपने पास सदा अनुमानित बिक्री के अनुसार अच्छा साबूदाना तैयार माल रखें।”