टाटा रियल्टी एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर ने डीबीएस बैंक इंडिया के साथ गुरुग्राम स्थित अपने प्रीमियम ऑफिस प्रोजेक्ट *इंटेलियन पार्क* के विकास के लिए ₹1,280 करोड़ की ग्रीन लोन सुविधा पर हस्ताक्षर किए हैं। यह फंडिंग टाटा रियल्टी के एसपीवी के माध्यम से जुटाई गई है और इसका उद्देश्य परियोजना में ऊर्जा-कुशल तकनीक, सस्टेनेबल निर्माण मानकों और पर्यावरण-अनुकूल अवसंरचना को बढ़ावा देना है।
इंटेलियन पार्क लगभग 2.1 मिलियन वर्ग फुट का ग्रेड-A ऑफिस परिसर है, जिसमें रूफटॉप सोलर सिस्टम, उन्नत जल रीसाइक्लिंग तकनीक, बायोफिलिक डिजाइन और वाहन-मुक्त पोडियम जैसी आधुनिक सुविधाएँ शामिल होंगी। डीबीएस बैंक इस सौदे में एक्सक्लूसिव एडवाइज़र और ग्रीन लोन कोऑर्डिनेटर की भूमिका निभा रहा है, जिससे भारत में बड़े स्तर पर ग्रीन फाइनेंसिंग को नई गति मिलने की उम्मीद है।
यह ग्रीन लोन अंतरराष्ट्रीय स्थिरता मानकों के अनुरूप संरचित है, जिसमें परियोजना के डिजाइन, निर्माण और संचालन में पर्यावरणीय प्रभाव कम करने पर जोर दिया गया है। Tata Realty का कहना है कि Intellion Park जैसे परिसरों में ऊर्जा-कुशल तकनीकों और हरित अवसंरचना के उपयोग से दीर्घकालिक परिचालन लागत कम होने के साथ-साथ कार्बन फुटप्रिंट घटाने में भी मदद मिलती है। कंपनी इसे अपने बड़े पैमाने पर टिकाऊ विकास के रोडमैप का महत्वपूर्ण हिस्सा मानती है।
इसके साथ ही, उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि इतने बड़े पैमाने पर ग्रीन फाइनेंसिंग सौदा भारतीय वाणिज्यिक रियल एस्टेट सेक्टर में एक सकारात्मक संकेत है। यह न केवल निवेशकों के बीच “सस्टेनेबल एसेट्स” की मांग बढ़ने को दर्शाता है, बल्कि डेवलपर्स को भी हरित निर्माण तकनीकों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित करता है। उम्मीद है कि इस तरह के सौदे आने वाले वर्षों में और भी बढ़ेंगे तथा भारत की नेट-जीरो लक्ष्यों की दिशा में प्रगति को तेज करेंगे।
