दुनिया भर में तेजी से बढ़ती गंभीर बीमारियों में कैंसर एक प्रमुख चुनौती बनकर उभरा है। World Health Organization (WHO) की ताज़ा फैक्ट शीट के अनुसार, कैंसर वैश्विक स्तर पर मौत का एक बड़ा कारण है और हर साल लाखों लोगों की जान ले रहा है।
WHO के आंकड़ों के मुताबिक, 2020 में करीब 1 करोड़ (10 मिलियन) लोगों की मौत कैंसर के कारण हुई, जो कुल मौतों का लगभग एक-छठा हिस्सा है। यह आंकड़ा दर्शाता है कि कैंसर केवल एक स्वास्थ्य समस्या नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर एक बड़ी सार्वजनिक स्वास्थ्य चुनौती बन चुका है।
कैंसर दरअसल बीमारियों का एक समूह है, जिसमें शरीर की कोशिकाएं असामान्य रूप से बढ़ने लगती हैं और आसपास के ऊतकों में फैल जाती हैं। इस प्रक्रिया को “मेटास्टेसिस” कहा जाता है, जो कैंसर से होने वाली मौतों का मुख्य कारण है।
रिपोर्ट के अनुसार, सबसे आम कैंसर प्रकारों में स्तन (breast), फेफड़े (lung), कोलन और रेक्टम (colon & rectum) तथा प्रोस्टेट कैंसर शामिल हैं। वहीं, फेफड़ों का कैंसर मौत का सबसे बड़ा कारण बना हुआ है।
कैंसर के पीछे कई कारण जिम्मेदार होते हैं। WHO के मुताबिक, लगभग एक-तिहाई कैंसर मौतें जीवनशैली से जुड़े जोखिमों के कारण होती हैं, जैसे—तंबाकू का सेवन, शराब, अस्वस्थ आहार, मोटापा और शारीरिक गतिविधि की कमी। इसके अलावा, वायु प्रदूषण भी एक महत्वपूर्ण कारण माना जाता है।
इतना ही नहीं, कुछ संक्रमण भी कैंसर का कारण बनते हैं। जैसे HPV (ह्यूमन पैपिलोमावायरस) और हेपेटाइटिस वायरस, जो खासकर निम्न और मध्यम आय वाले देशों में कैंसर के मामलों का बड़ा हिस्सा बनाते हैं।
हालांकि, इस गंभीर स्थिति के बीच एक सकारात्मक पहलू भी है। WHO के अनुसार, 30% से 50% तक कैंसर के मामलों को रोका जा सकता है, यदि जोखिम कारकों से बचाव किया जाए और समय पर जांच की जाए।
विशेषज्ञों का कहना है कि कैंसर का जल्दी पता लगना बेहद महत्वपूर्ण है। अगर बीमारी शुरुआती चरण में पकड़ में आ जाए, तो इलाज की सफलता दर काफी बढ़ जाती है और मरीज पूरी तरह ठीक भी हो सकता है। इसके लिए नियमित जांच (screening), जागरूकता और समय पर इलाज जरूरी है।
कैंसर के इलाज में सर्जरी, रेडियोथेरेपी और दवाओं (जैसे कीमोथेरेपी) का उपयोग किया जाता है। इसके अलावा, पेलिएटिव केयर (लक्षणों को कम करने वाली देखभाल) भी मरीजों के जीवन की गुणवत्ता सुधारने में अहम भूमिका निभाती है।
WHO ने लोगों को कैंसर से बचाव के लिए कुछ महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए हैं—जैसे तंबाकू से दूरी, संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, शराब का सीमित सेवन और जरूरी टीकाकरण।
कुल मिलाकर, कैंसर एक गंभीर लेकिन काफी हद तक रोकी जा सकने वाली बीमारी है। जागरूकता, समय पर जांच और स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर इसके खतरे को काफी कम किया जा सकता है।